नई दिल्ली: संसद का मॉनसून सत्र समाप्त हो चुका है, जिसमें विपक्ष द्वारा भारी हंगामा किए जाने के कारण लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही बार-बार बाधित हुई। सत्र के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोंकझोंक भी देखने को मिली। इस राजनीतिक हलचल के बीच कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने गुरुवार को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात की।
प्रियंका गांधी ने इस मुलाकात को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि उन्होंने जेपी नड्डा से केरल के वायनाड में स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा की।
प्रियंका गांधी ने बताया कि उन्होंने वायनाड में चल रही कुछ स्वास्थ्य परियोजनाओं में तेजी लाने का आग्रह किया। खासतौर पर उन्होंने मनंतवडी में मेडिकल कॉलेज की कमी को लेकर चिंता व्यक्त की और बताया कि इससे स्थानीय लोगों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने यह भी बताया कि वायनाड की आदिवासी आबादी की विशिष्ट स्वास्थ्य जरूरतों, लंबित राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) फंड्स और क्षेत्र में जंगली जानवरों के हमलों की घटनाओं के संदर्भ में एक विशेष ट्रॉमा सेंटर की आवश्यकता पर भी चर्चा की गई।
इसके साथ ही प्रियंका गांधी ने केरल में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) की स्थापना की मांग को भी दोहराया, जो लंबे समय से लंबित है। उन्होंने कहा कि जेपी नड्डा ने उनकी सभी बातों को ध्यान से सुना और हर मुद्दे पर खुलकर चर्चा की।
प्रियंका गांधी ने विश्वास जताया कि जेपी नड्डा इन सभी मांगों पर उचित ध्यान देंगे और वायनाड के लोगों को जल्द ही बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
गौरतलब है कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी वायनाड से सांसद रह चुके हैं और हाल ही में वह रायबरेली से लोकसभा चुनाव जीतकर संसद पहुंचे हैं। प्रियंका गांधी की यह सक्रियता आगामी राजनीतिक रणनीति का भी संकेत मानी जा रही है।