रायबरेली से राहुल गांधी लड़ेगें चुनाव, 25 साल बाद गांधी परिवार ने छोड़ा अमेठी की सीट

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Rahul Gandhi

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रायबरेली से राहुल गांधी लड़ेगें चुनाव, 25 साल बाद गांधी परिवार ने छोड़ा अमेठी की सीट

रायबरेली से राहुल गांधी लड़ेगें चुनाव, 25 साल बाद गांधी परिवार ने छोड़ा अमेठी की सीट

राहुल गांधी अपनी पुरानी सीट अमेठी को छोड़कर आज रायबरेली से पर्चा भरेंगे। राहुल गांधी के नामांकन को ऐतिहासिक बनाने के लिए कांग्रेस ने पूरी ताकत झोंक दी है। आज रायबरेली में कांग्रेस विशाल जनसभा करेगी। राहुल गांधी मां सोनिया गांधी, बहन प्रियंका गांधी के साथ रायबरेली के लिए रवाना हो गए हैं। राहुल गांधी रायबरेली लोकसभा सीट से कांग्रेस प्रत्याशी के तौर पर दोपहर 12 बजे नामांकन भरेंगे। उनके साथ मां सोनिया गांधी के अलावा, बहन प्रियंका गांधी, रॉबर्ड वाड्रा के अलावा राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत समेत तमात दिग्गज नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहेंगे। 

आगे बात करें तो अमेठी लोकसभा सीट से कांग्रेस के टिकट को लेकर सस्पेंस समाप्त हो गया है. कांग्रेस ने गांधी परिवार का गढ़ मानी जाने वाली अमेठी सीट से सोनिया गांधी के संसदीय क्षेत्र प्रतिनिधि रहे किशोरी लाल शर्मा को टिकट देने का ऐलान किया है. केएल शर्मा पिछले तीन-चार दिनों से अमेठी में डेरा डाले हुए हैं और वह नामांकन की तैयारियों को लेकर बैठक पर बैठक कर रहे थे. अमेठी में कांग्रेस ने जिस केएल शर्मा को उम्मीदवार बनाया है, वो गांधी फैमिली के करीबी माने जाते हैं. गौर करने वाली बात ये है कि साल 1998 के बाद यानी 25 साल बाद ऐसा पहली बार हुआ है कि अमेठी सीट से गांधी फैमिली का कोई शख्स चुनावी मैदान में नहीं है. आखिरी बार साल 1998 में सतीश शर्मा ने चुनाव लड़ा था, जिन्हें संजय सिंह से शिकस्त झेलनी पड़ी थी. ये वही अमेठी है जिसे एक समय पर कांग्रेस का अभेद्य किला माना जाता था. साथ ही इसे दशकों से गांधी परिवार का गढ़ माना जाता रहा.

गांधी परिवार का पुराना गढ़ स्मृती ईरानी ने कैसे भेदा

उत्तर प्रदेश के 80 लोकसभा सीटों में से अमेठी सीट को नेहरू-गांधी परिवार का गढ़ माना जाता रहा है. हालांकि, इस सीट से पिछले चुनाव में कांग्रेस के नेता राहुल गांधी को बीजेपी की स्मृति ईरानी ने बड़े अंतर से हरा दिया था. लेकिन अगर अमेठी में हुए आज तक के लोकसभा चुनाव के इतिहास को देखें तो ये बात साफ हो जाती है कि यह सीट ज्यादातर समय तक कांग्रेस के ही पास रही है. अमेठी को उत्तर प्रदेश के VVIP सीटों में से एक माना जाता है. 2019 से अमेठी की यह सीट भारतीय जनता के पास है.पार्टी का गढ़ रही अमेठी सीट कांग्रेस वर्ष 2019 के चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से हार गई थी. सीट से निवर्तमान सांसद एवं भाजपा उम्मीदवार स्मृति ईरानी ने 2019 में राहुल गांधी को हराया था.

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